बालों को हटाने का तरीका मुख्य रूप से त्वचा और सहजता पर निर्भर करता है। शेविंग, वैक्सिंग या क्रीम का प्रयोग करते समय सावधानी बरतना आवश्यक है ताकि जलन और बाल के त्वचा में घुसने (ingrown hairs) जैसी समस्याएं न हों। इसके अलावा गर्भावस्था में भी अतिरिक्त सावधानी बरतने और त्वचा विशेषज्ञ से परामर्श करने की आवश्यकता होती है। इस लेख में हमने इस विषय पर विस्तार से चर्चा की है।
बालों को हटाने का सही तरीका चुनना
बाल हटाने की सही तकनीक चुनने के लिए त्वचा के प्रकार, बालों के प्रकार और व्यक्तिगत आराम पर विचार करने की आवश्यकता होती है। इस स्थिति में निम्नलिखित विकल्पों/तकनीकों का प्रयोग किया जा सकता है:
शेविंग
शेविंग जल्दी की जा सकती है, जिसमें दर्द भी नहीं होता है। अगर इसका प्रयोग गलत तरीके से किया जाता है तो इससे जलन हो सकती है, कट लग सकता है और बाल के त्वचा में घुसने (ingrown hairs) जैसी समस्याएं हो सकती हैं। गुप्तांग के बालों को शेव करने से जलन और संक्रमण हो सकते हैं। अत: मॉइस्चराइजिंग जेल वाले साफ रेजर का प्रयोग करना लाभकारी हो सकता है।
वैक्सिंग
वैक्सिंग से बालों को जड़ से हटाया जा सकता है और इसका असर लंबे समय तक रहता है। यदि आपकी त्वचा संवेदनशील है तो वैक्सिंग से लालिमा, दर्द और फॉलिकुलाइटिस होने की संभावना बढ़ सकती है। अत: बाल के त्वचा में घुसने (ingrown hairs) से बचने के लिए नियमित रूप में एक्सफोलिएट करना चाहिए।
डिपिलेटरी क्रीम
हेयर रिमूवल क्रीम एपिडर्मिस परत के नीचे के बालों को क्षतिग्रस्त करती है। हालांकि इससे चोट नहीं लगती हैं; लेकिन, इसे लंबे समय तक रखने से जलन या एलर्जी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। अत: सबसे पहले patch-testing करने का प्रयास करें।
लेजर हेयर रिमूवल
यह हल्की ऊर्जा के साथ बालों के रोम पर हमला करके स्थायी आराम देता है। इससे लालिमा या सूजन जैसी समस्याएं हो सकती हैं और इसमें कई सत्रों की आवश्यकता होती है।
इलेक्ट्रोलिसिस
इलेक्ट्रोलिसिस एक और स्थायी बाल हटाने की तकनीक है जिसमें बालों के रोम को नष्ट करने के लिए विद्युत धाराओं (electrical currents) का प्रयोग किया जाता है। यह समय लेने वाली और दर्दनाक प्रक्रिया है; इसके बावजूद यह सभी लोगों के लिए प्रभावी है।
एक सहज अनुभव के लिए तैयारी (Prepping) और देखभाल करना (post-care)
बाल हटाने के सहज अनुभव के लिए तैयारी और देखभाल करना आवश्यक है। इस प्रक्रिया से पहले, मृत कोशिकाओं को हटाने के लिए एक्सफोलिएट करें, जो बाल त्वचा में घुसने (ingrown hairs) को रोकने में मदद करता है और बाल हटाने की प्रक्रिया को सहज बनाता है।
शारीरिक अंग को अच्छी तरह से साफ करें और यदि संभव हो, तो बालों को नरम करने और रोमछिद्रों को खोलने के लिए गर्म कपड़े का प्रयोग करें या गर्म पानी से नहाएं। इस प्रकार न केवल इस प्रक्रिया को आरामदायक बनाया जा सकता है बल्कि बाल हटाने की प्रक्रिया की दक्षता को भी बढ़ाया जा सकता है।
अंत में, रोम छिद्रों को बंद करने के लिए अपनी त्वचा को ठंडे पानी से धोएं। अपनी त्वचा को शांत करने और नमी के लिए सुगंध रहित मॉइस्चराइज़र (fragrance-free moisturiser) या एलोवेरा जेल से अपनी त्वचा को मॉइस्चराइज करें।
जलन को कम करने और संवेदनशील त्वचा को नुकसान पहुंचाने से बचने के लिए बालों को हटाने की प्रक्रिया के तुरंत बाद तंग कपड़ों को पहनने और बाहर जाने से बचें। इस प्रकार त्वचा को स्वस्थ और चिकना बनाया जा सकता है और संभावित दुष्प्रभावों को कम किया जा सकता है।
गुप्तांग के बाल को हटाने पर विशेषज्ञ की राय

डॉ. अमृता मोहंती बाजोरिया, स्त्री रोग विशेषज्ञ और इनफर्टिलिटी विशेषज्ञ, PHS फर्टिलिटी IVF और वुमनकेयर, कोलकाता बताती हैं, “गुप्तांग के बालों को हटाने के विभिन्न तरीकों उदाहरण के लिए वैक्सिंग, शेविंग और डिपिलेटरी के जोखिम हो सकते हैं। इनमें त्वचा की जलन, बाल त्वचा में घुसना (ingrown hairs) शामिल हैं- ये समस्याएं मुख्य रूप से तब होती हैं, जब डिपिलेटरी गर्म होती है। इसके अतिरिक्त रेजर और मोम से लालिमा, चकत्ते और जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसके अलावा डिपिलेटरी का प्रयोग गलत तरीके से करने से रासायनिक जलन हो सकती है। जब कोई महिला गर्भवती होती है, तब हार्मोन की वजह से उसकी त्वचा संवेदनशील हो जाती है। इसी कारण शेविंग करते समय अतिरिक्त सावधानी बरतना और वैक्सिंग तथा डिपिलेटरी का प्रयोग करने से बचना चाहिए। इसके बजाय, गर्भावस्था के दौरान ट्रिमिंग करना लाभकारी हो सकता है। इस प्रकार संभावित जलन को कम किया जा सकता है और त्वचा को स्वस्थ रखा जा सकता है।”

डॉ. सुयश बाजोरिया, MBBS, MS, एंड्रोलॉजिस्ट, सीनियर रेजिडेंट, कलकत्ता नेशनल मेडिकल कॉलेज, कोलकाता, पश्चिम बंगाल बताते हैं, “बाल हटाने की तकनीक रोगी के गुप्तांग स्वास्थ्य या यौन स्वास्थ्य को प्रभावित नहीं करती है। हालांकि पेरिनियल और ग्रोइन स्वच्छता न रखने से UTIs हो सकते हैं लेकिन बालों को न हटाने से UTIs होने की संभावना स्पष्ट नहीं है।”
निष्कर्ष
गुप्तांग के बाल को सुरक्षित रूप से हटाने का चयन आमतौर पर व्यक्तिगत प्राथमिकताओं, त्वचा की संवेदनशीलता और स्वास्थ्य पर निर्भर करता है। इस स्थिति में स्वच्छता और देखभाल जलन तथा संक्रमण को रोकने में मदद करते हैं। गर्भावस्था के दौरान, ट्रिमिंग करना बेहतर होता है। इसके अलावा त्वचा विशेषज्ञ या स्त्री रोग विशेषज्ञ से परामर्श करने से गुप्तांग के बालों को सुरक्षित रूप से हटाने में सहायता मिलती है।
Disclaimer: Medical Science is an ever evolving field. We strive to keep this page updated. In case you notice any discrepancy in the content, please inform us at [email protected]. You can futher read our Correction Policy here. Never disregard professional medical advice or delay seeking medical treatment because of something you have read on or accessed through this website or it's social media channels. Read our Full Disclaimer Here for further information.

