गरम पट्टी (Crepe bandage) को आमतौर पर 24 से 48 घंटों के लिए या चिकित्सक के दिशानिर्देश अनुसार बांधना चाहिए। हो सकता है कि इसे रात भर बांधने की आवश्यकता है। यह मुख्य रूप से चोट के प्रकार पर निर्भर करता है। उदाहरण के लिए, यदि किसी को ग्रेड 3 लिगामेंट की चोट है तो डॉक्टर उसे रात भर गरम पट्टी बांधने की सलाह दे सकते हैं।
गरम पट्टी एक लोचदार पट्टी (elastic bandage) है जिसका प्रयोग अक्सर शरीर के चोट या सूजे हुए अंग को आराम और संपीड़न प्रदान करने के लिए किया जा सकता है। इसे लेटेक्स चिपकने (latex adhesive) के साथ एक खिंचाव वाली, सूती सामग्री से बनाया जाता है। इस लेख में हमने गरम पट्टी के महत्वपूर्ण पहलूओं (उदाहरण के लिए इसे बांधने की अवधि) पर चर्चा की है, इसलिए इसे पूरा पढ़ें।
हम गरम पट्टी (Crepe bandage) का प्रयोग क्यों और कब करते हैं?
जैसा कि ऊपर चर्चा की गई है, गरम पट्टी मुख्य रूप से लोचदार पट्टियाँ होती हैं जिनका प्रयोग सूजन को कम, सहायता प्रदान और दर्द को कम करने के लिए किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, इनका प्रयोग शरीर के प्रभावित क्षेत्र पर दबाव डालकर सूजन को कम करने के लिए भी किया जा सकता है। ये पट्टियाँ सूजन और इन्फ्लेमेशन को कम करने में मदद कर सकती हैं। यह मांसपेशियों में खिंचाव, टेंडन और लिगामेंट्स को भी आराम प्रदान कर सकती हैं।
इसके अलावा, कुछ मामलों में गरम पट्टियों का प्रयोग जोड़ को स्थिर करने के लिए किया जा सकता है। उदाहरण के लिए, मोच या फ्रैक्चर। इसका प्रयोग विभिन्न कारणों से भी किया जा सकता है, जिनमें से कुछ निम्नलिखित हैं:
- मोच और खिंचाव: वे मांसपेशियों में खिंचाव और टेंडन को ठीक और सूजन को कम करने में सहायक हो सकती हैं।
- सौंदर्य प्रक्रियाओं (Beauty Procedures) के बादः चिकित्सक अक्सर सूजे हुए अंगों को आराम देने के लिए इन पट्टियों का प्रयोग कर सकते हैं।
- सर्जरी के बाद (Post-surgery): सर्जरी के बाद जोड़ को स्थिर करने के लिए भी गरम पट्टियों का प्रयोग किया जा सकता है।
- प्राथमिक उपचार (First Aid): ये सभी आपातकालीन प्राथमिक चिकित्सा किट (emergency first aid kit) में पाई जाती हैं और इनका प्रयोग आमतौर पर घावों को भरने और उनकी रोकथाम के लिए किया जा सकता है।
- एडिमाः ये पैरों या टखनों में सूजन को कम करने में मदद कर सकती हैं।
- पुरानी बीमारियाँ: गरम पट्टियों का प्रयोग गठिया या वैरिकाज़ नसों जैसी पुरानी बीमारियों का प्रबंधन करने के लिए किया जा सकता है।
अपने घाव के लिए सही गरम पट्टी कैसे चुनें?
यदि आप चोटिल या आपके टखने में मोच आ जाती है तो गरम पट्टियों को बांधना लाभकारी साबित हो सकता है। ज्यादातर मामलों में, डॉक्टर चोट के आधार पर सही प्रकार की दर्द पट्टी की सलाह दे सकते हैं। यदि आप गरम पट्टी स्वयं खरीद रहे हैं या आपकी चोट अधिक गंभीर नहीं है तो आपको कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए। घाव के लिए सही पट्टी चुनना कई कारकों पर निर्भर करता हैः
- घाव का आकारः पट्टी इतनी बड़ी होनी चाहिए कि वह बहुत ढीली या बहुत तंग न होते हुए प्रभावित अंग को ढक सकें।
- चोट की गंभीरताः मामूली चोटों के लिए, एक पतली गरम पट्टी पर्याप्त हो सकती है। अधिक गंभीर चोटों के लिए, एक मोटी पट्टी की आवश्यकता हो सकती है।
- संपीड़न का वांछित स्तरः यदि आपको सूजन को कम करने के लिए महत्वपूर्ण दबाव लगाने की आवश्यकता है, तो एक मोटी, अधिक कठोर पट्टी का प्रयोग करना चाहिए।
- त्वचा की संवेदनशीलता: यदि आपकी त्वचा संवेदनशील है, तो आप एक ऐसी गरम पट्टी चुन सकते हैं जो एक नरम, हवादार सामग्री से बनी हो। कई लोगों का मानना है कि ये पट्टियाँ कैंसर का कारण बन सकती हैं, लेकिन यह निर्णायक नहीं है क्योंकि इससे संबंधित शोध बहुत कम हैं।
आपको कितनी देर तक पट्टी को बांधकर रखना चाहिए?

रुपम सरकार, Ph.D (स्कॉलर), MPT(कार्डियोवैस्कुलर एंड रेस्पिरेटरी साइंसेज) सहायक प्रोफेसर और अकादमिक समन्वयक, महाराष्ट्र स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय, पुणे, महाराष्ट्र बताते हैं, “चोट लगने के बाद केवल पहले 24 से 48 घंटों के लिए गरम पट्टी का प्रयोग करने की सलाह दी जाती है, क्योंकि यह सूजन को रोकने में मदद करता है और लसीका जल निकासी में सहायता करता है। इसे फिर से रखने से पहले कुछ मिनटों के लिए प्रतिदिन कम से कम दो बार पट्टी को हटाना चाहिए। इसे आमतौर पर चोट/घाव के प्रकार के आधार पर बदला जा सकता है।”

पट्टी को बांधने की अवधि मुख्य रूप से घाव के प्रकार और गंभीरता पर निर्भर करता है। आपको गरम पट्टी के दबाव पर भी ध्यान देना चाहिए। यदि आप इसे कसकर बांधते हैं तो यह रक्त प्रवाह को बाधित या बंद कर सकती हैं। विराज पांड्या, स्पोर्ट्स फिजियोथेरेपिस्ट, एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, ठाणे, महाराष्ट्र बताते हैं, “गरम पट्टी को बांधने की अवधि चोट के अनुसार अलग-अलग हो सकती है जैसा कि नीचे दिया गया हैः
फ्रैक्चरः जब तक प्राथमिक उपचार (First line of treatment) शुरू नहीं किया जाता।
लिगामेंट चोटः ग्रेड 1– 30-45 मिनट के ब्रेक के साथ (एक दिन में 3-4 बार)। ग्रेड 2- 30-45 मिनट के ब्रेक के साथ ( दिन में 1-2 बार)। ग्रेड 3- 30-45 मिनट के ब्रेक के साथ (दिन में एक बार)। ग्रेड 3 लिगामेंट की चोट के लिए रात में गरम पट्टियों को हटाने से बचना चाहिए।”
कुछ स्थितियों में पट्टी को लंबे समय तक बांधने की आवश्यकता हो सकती है। त्वचा में जलन या असुविधा के किसी भी संकेत के लिए प्रभावित क्षेत्र की निगरानी करना महत्वपूर्ण है। यदि आपको कोई असहजता होती है, तो पट्टी हटाना और किसी चिकित्सक से परामर्श करना चाहिए। हालांकि, गरम पट्टियाँ नियमित रूप से बांधी जा सकती हैं, लेकिन इसकी आवृत्ति निर्धारित करने के लिए किसी चिकित्सक की सलाह लेना महत्वपूर्ण है।
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